color CRT (cathode ray tube) monitor kya and ये कैसे color create करता हैं.

आज हम computer graphics का एक बहुत महत्वपूर्ण color CRT (cathode ray tube) monitor kya को अच्छे से पढेंगे और इसके एक – एक पॉइंट को detailed से जानगे जैसे की beam penetration and shadow mask method in computer graphics, और name one devices which is using beam penetration and shadow masking . तो चलिये शुरू करते. hello दोस्तों Hindi me iT में आपका बहुत – बहुत अभिनन्दन है .

कैसे CRT (cathode ray tube) monitor के अंदर हम color create  करते हैं  उसके लिये हमारे पास दो technic हैं.

जब हम वहाँ CRT (cathode ray tube) use कर रहे थे . वहाँ पर single layer phosphor की थी जिसकी वजह से vector scan display था . वह single color में image दिखता था .

  1. Beam Penetration technic.
  2. Shadow mask technic.

जब हम color CRT (cathode ray tube) की बात करते हैं तो यहाँ रक layer नही होगी . यहाँ पर multiple layer होंगी phosphor की . और जो electron की beam निकल रही हैं . वह phosphor की multiple layer पर strike करेगी . उसके according color बंयेगी.

Beam  Penetration technic

Beam Penetration technic. हैं वह raster scan display में use होती हैं . इसके अंदर जो हम CRT (cathode ray tube) करते है इसके अंदर दो coating होगी phosphor की Red & green use होती हैं.

outer layer होगी वह Red phosphor की तथा अंदर  layer है वह green phosphor की होगी.

Cathode ray tube

working 

  • जो आपको screen पर color दिखेंगे वह electron की beam  जो red एंड green color की layer use कितना penetrates करती हैं यानी की कितने अंदर तक जाएगी उसके base पर color बनेंगे. तभी इस technic का नाम beam penetration technic पढ़ा.
  • अगर low electron beam speed होगी तो वह strike करेगी only red phosphor को यानी हम use कम voltage देते हैं तो beam electron strike करते हैं red layer पर.
  • अगर high electron beam करने पर वह strike करेगी green phosphor पर जिसकी वजह से हमको screen पर green color दिखाई देगा.
  • अगर electron beam  की medium speed करते हैं तो वह red और green color के बीच में strike करती हैं और red तथा green के commination से  बने color  screen पर दिखाई देते है .

Advantage

इस display का सबसे बड़ा ये display ज्यादा महंगी नही होती हैं.

Disadvantage 

ये display केवल four color ही  बना सकती हैं .

2. Shadow mask technic in hindi

ये technic raster scan display में use की जाती हैं.जो की बहुत सारे color provide करती हैं .

raster स्काचं display pixel में divide होती हैं प्रत्येक pixel के पीछे कोटिंग होती हैं जो phosphor के तीन color से बनी होती है RED ,green तथा blue होती हैं.

हमारे पास क्र color की electron beam होगी यानी की यहाँ हम तीन color use कर रहे हैं तो हमारे पास तीन electron beam होंगी.

Shadow mask grid 

Shadow mask grid 

shadow mask grid जो होती हैं वह screen के पीछे होती हैं तथा इसके अंदर होल (छेद ) होते हैं. जितने हमारे पास pixel होते हैं screen में उतने ही shadow mask grid में होल (छेद ) होंगे. तथा pixel और shadow mask grid होल (छेद ) दोनों की position एक सीध में होती हैं. यानी की हर एक pixel के पीछे shadow mask grid में एक होल (छेद ) होता हैं.

जब electron beam को voltage मिलते हैं तो इसमें से electron group होकर एक स्थान पर फोकस करते हुये shadow mask grid  के होल (छेद )  से निकलते हैं तथा किसी एक pixel पर जाकर strike करते हैं . तथा अपने हिसाब से create करते है dots. triangle

एक pixel तीन triangle से मिलकर बना होता हैं.

जो electron beam जिस color के लिये बनी हैं वह screen पर जा कर वही color बनती हैं. click

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आशा  करता हूँ  आपको color CRT (cathode ray tube) monitor kya , beam penetration and shadow mask method in computer graphics, और name one devices which is using beam penetration and shadow masking समझ में गया होगा . अगर आपको इससे related कोई question पूछना है तो आप comment करके पूछ सकते है . हम आपकी comment का जबाब जरुर देंगे . अगर हमारे द्वारा दी गयी जानकारी अच्छी लगी हो तो हमे comment करके जरुर बताये और आपका हमको कोई सुझाब हो तो उसे भी जरुर बताये . दोस्तों आपसे एक request है . आप इस जानकारी को आपने दोस्तों , रेस्तेदारो के साथ जरुर शेयर करे | धन्यबाद

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